19.02.2012 ►Ladnun ► Workshop for Training of Non-Violence

Posted: 19.02.2012
Updated on: 21.07.2015

ShortNews in English

Ladnun: 19.02.2012

 

Professor B.R. Dugar Addressed Workshop for Training of Non-Violence. Solution of Problems Possible by Non-Violent Means: B.R. Dugar

News in Hindi

अहिंसक रूप से हो समस्याओं का समाधान: प्रो. दूगड़
19 फरवरी 2012 जैन तेरापंथ न्यूज ब्योरो लाडनू

संघर्ष मानव जीवन का एक अभिन्न अंग है। जीवन के प्रत्येक स्तर पर संघर्ष किसी न किसी रूप में विद्यमान रहता है। आवश्यकता इस बात की है व्यक्ति अपने दिमाग और सोच को खुला रखे। ये विचार प्रो. बच्छराज दूगड़ ने जैन विश्वभारती विश्वविद्यालय के अहिंसा एवं शांति विभाग के की ओर से चल रहे तीन दिवसीय युवा अहिंसा प्रशिक्षण शिविर के दूसरे दिन शनिवार को व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि विचारों, मान्यताओं, परिस्थितियों और व्यवस्थाओं के कारण व्यक्ति कई प्रकार के संघर्षों का सामना करता है। उनसे प्रभावित होता है। उन संघर्षों का निवारण शांतिपूर्वक व अहिंसक तरीके से करके अहिंसा का प्रशिक्षण देते हुए हिमाचल प्रदेश के प्रो. अग्निहोत्री ने मानव विज्ञान के संदर्भ में अहिंसा की चर्चा की। प्रो. अग्निहोत्री ने पशु से मनुष्य बनने की विकास यात्रा के संदर्भ में अहिंसा की व्या या की। उन्होंने सत्र के बाद प्रश्नोत्तर के क्रम में विद्यार्थियों की अहिंसा शांति मानवाधिकार विषय से संबंधित अनेक जिज्ञासाओं का समाधान किया। प्रायोगिक सत्र में विद्यार्थियों को आसर, प्राणायाम, कायोत्सर्ग का प्रशिक्षण डॉ. प्रद्यु नसिंह शेखावत ने दिया।

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