28.10.2019 ►JTN ►Jain Terapanth News

Posted: 28.10.2019
 
पूज्य प्रवर के मुख्य प्रवचन की तस्वीरें भगवान महावीर महापुरुष थे, उन्होंने हमें अहिंसा समता सहिष्णुता की प्रेरणा दी - आचार्य श्री महाश्रमण जी (आज के मुख्य...

28.10.2019 ►Acharya Shri Gyan Sagar Ji Maharaj Ke Bhakt ►News

Posted: 28.10.2019
 
जैन धर्म के 24वें तीर्थंकर भगवान वर्धमान महावीर के मोक्षकल्याणक के पावन अवसर पर आपको व आपके परिवार को हार्दिक शुभकामनाएं... संजय जैन समस्त विश्व जैन संगठन...

28.10.2019 ►Acharya Shiv Muni ►News

Posted: 28.10.2019
 
वीर निर्वाण संवत 2546 के मंगलपाठ का वर्धमान सांस्कृतिक भवन बिबवेवाड़ी पुणे महाराष्ट्र से सीधा प्रसारण नव वर्ष मंगलपाठ का सीधा प्रसारण Watch video on Facebook.com आत्मज्ञानी...

28.10.2019 ►Trilok Teerth ►News

Posted: 28.10.2019
 
*💫🌙🕯सुख-शान्ति-समृध्दि की मंगलमयी कामनाओं के साथ आपको एवं आपके परिवार को श्री १००८ भगवान महावीर स्वामी निर्वाण कल्याणक महोत्सव एवं दीपावली महापर्व की अन्त...

27.10.2019 ►SS ►Sangh Samvad News

Posted: 27.10.2019
 
🔴दीपावली के अवसर पर संकल्प होना चाहिए ~ 🍥मुझे ❗आरोग्य ❗बोधि ❗समाधि या शांति ❗निर्मलता ❗तेजस्विता और ❗गंभीरता प्राप्त हो। 🎖 जिस व्यक्ति में लक्ष्मी के ये छह...

27.10.2019 ►Acharya Shri Gyan Sagar Ji Maharaj Ke Bhakt ►News

Posted: 27.10.2019
 
भगवान वर्धमान महावीर मोक्ष स्थली पावापुरी (अपापुरी) Watch video on Facebook.com परम् पूज्य आचार्य श्री 108 ज्ञानसागर जी मुनिराज ससंघ का अतिशय क्षेत्र, तिजारा में चातुर्मास...

27.10.2019 ►Acharya Shiv Muni ►News

Posted: 27.10.2019
 
*श्री उत्तराध्ययन सूत्र वांचना 20 वां दिवस* 2⃣7⃣.1⃣0⃣.2⃣0⃣1⃣9⃣ युवामनीषी सहमंत्री श्री शुभम मुनि जी द्वारा भगवान महावीर की अंतिम वाणी श्री उत्तराध्ययन सूत्र की...

26.10.2019 ►Acharya Shiv Muni ►News

Posted: 26.10.2019
 
भगवान महावीर निर्वाण कल्याणक एवम् दीपावली की अग्रिम हार्दिक शुभकामनाये।आपके भीतर क्षायिक सम्यक्त्व का दीपक जले और आप भी निर्वाण पथ पर अग्रसर हो यही...

21 ►Physical Health: First Component of Healthy Life

Posted: 26.10.2019
 
Space is limitless. Limitlessness has its own value, but its usefulness is always in doubt. The space is the basis of all animate and inanimate objects, but man cannot have his dwelling place without limiting its expanse. Therefore, he thought about building the houses by limiting the space. The development of architecture is the result of this imagination of his. The soul is the Supreme Element from the...

20 ►Self-Restraint and Self- Management

Posted: 25.10.2019
 
Man is thinking and an industrious being. He thinks and makes efforts. However, his thinking is not so much about himself as the beyond. He thinks about the body, about his dress, about the house, about food. He thinks about the means of comfort and convenience and many other similar matters, but keeps his self out of the purview of that thinking. Man worries about what other people are doing, what they are not...