30.05.2016 ►Acharya Shri Vishudha Sagar ji ►News

Posted: 30.05.2016

News in Hindi

📝आचार्य भगवन् विशुद्ध सागर जी
📝 आगम वाणी विशुद्ध वाणी "📝
👂📖ज्ञानियो । अपन सभी ने पूर्व में कोई प्रवल पूण्य कमाया होगा, जो वर्तमान में अरिहंत की देशना का पान कर रहे है।।
🌱🌴 भैया एक वे जीव है जो प्रातः उठकर जिनवाणी का पाठ करते है और एक वह जीव है जो प्रातः उठते ही गाली का प्रयोग करता है।।
🙇इक वे भी मनुष्य है जिनके हाथ में उठते ही छुरी होती है जिससे वह जीवो को छीलते है
🚩और एक वे मनुष्य है, जिनदेव का अभिषेक करते है ।
अव किसी से पूछने नहीं जाना की पुण्योदय क्या है,पपोदय क्या है।
👂जिस दिन प्रातः उठते ही गाली देने के भाव आये तो समझ लेना की तीव्र पपोदय है।
हे जीव जहा प्रातः उठते ही मंगलगान होता हो और वहाँ गाली निकले तो समझ लेना तेरा पापोदय है।
"भैया कोटि कोटि द्रव्य नष्ट होता हो तो हो जाने देना,लेकिन प्रातः उठते ही अशुभ शब्द का प्रयोग नहीं करना।।"
📝श्रमण संस्कृति सेवा समिति📝

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